Shayri : Mohabbat Ki Raho Mein | Ashish Raj Kiran | Official Author Website
बारिश, बादल, चांद, हवाएं और ये शमा प्यारा, मुझे बेकार लगता है तुम्हारे बिन जहां सारा : Ashish Raj Kiran

Shayri : Mohabbat Ki Raho Mein

Shayri : Mohabbat Ki Raho Mein

अर्ज किया है...
मोहब्बत की राहों में बेधड़क निकल गया
मोहब्बत की राहों में बेधड़क निकल गया
हाथ चल रहा था नीचे मोबाइल पर
हाथ चल रहा था नीचे मोबाइल पर
 और खम्भे से टकरा गया


Hindi Shayri



0 Comments

कृपया प्रतिक्रिया दें (Feedback Please)